Hindustan Copper शेयर: अगर आप शेयर बाजार के दीवाने हैं, तो हाल के दिनों में हिंदुस्तान कॉपर (Hindustan Copper) का नाम आपकी नजरों से गुजरा ही होगा। जी हाँ, इस सरकारी स्वामित्व वाली कंपनी के शेयरों में जोरदार उछाल आया है, जिसने निवेशकों के बीच खलबली मचा दी है। क्या है इस उछाल का राज? क्यों हैं निवेशक इतने उत्साहित? आइए, इस ब्लॉग पोस्ट में हम विस्तार से चर्चा करते हैं। अगर आप मेटल सेक्टर में निवेश की सोच रहे हैं, तो ये पोस्ट आपके लिए खास है।
Hindustan Copper शेयर: हिंदुस्तान कॉपर: एक नजर कंपनी पर

हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड (HCL) भारत की एकमात्र पूरी तरह से एकीकृत कॉपर उत्पादक कंपनी है, जो 1967 में स्थापित हुई थी। ये कंपनी खनन से लेकर स्मेल्टिंग, रिफाइनिंग और कॉपर रॉड्स के निर्माण तक का पूरा चेन संभालती है। भारत के कॉपर ओरे रिजर्व का 80% से ज्यादा हिस्सा इसी के पास है। हाल के वर्षों में, ग्रीन एनर्जी और इंफ्रास्ट्रक्चर बूम के चलते कॉपर की मांग आसमान छू रही है, और HCL इसका फायदा उठा रही है।
कंपनी का मार्केट कैप लगभग ₹36,000 करोड़ है, और ये PSU सेक्टर की एक मजबूत प्लेयर है। प्रमोटर होल्डिंग 66.14% है, जो स्थिरता का संकेत देती है।
हालिया उछाल: आंकड़ों की कहानी
पिछले कुछ दिनों में हिंदुस्तान कॉपर के शेयरों ने बाजार को चौंका दिया। 4 दिसंबर 2025 को शेयरों में 8% का जबरदस्त उछाल आया, जब कंपनी ने सितंबर 2025 क्वार्टर के मजबूत रिजल्ट्स अनाउंस किए। शेयर प्राइस ₹339 से ऊपर चढ़कर ₹365 तक पहुंच गया, और ट्रेडिंग वॉल्यूम 93 लाख शेयरों से ज्यादा रहा।
- Q2 FY26 रिजल्ट्स: नेट सेल्स 38.57% बढ़कर ₹718 करोड़ हो गईं। नेट प्रॉफिट 80.77% उछलकर ₹186 करोड़ पर पहुंचा। EPS ₹5.87 रहा, और नेट प्रॉफिट मार्जिन 24.77%। ये ग्रोथ कॉपर प्राइसेज के रिकॉर्ड हाई लेवल और ऑपरेशनल एफिशिएंसी का नतीजा है।
- कॉपर प्राइस का कमाल: ग्लोबल मार्केट में कॉपर प्राइसेज $11,500 प्रति टन के ऑल-टाइम हाई पर पहुंचे। MCX पर जनवरी एक्सपायरी कॉन्ट्रैक्ट ₹1,095 प्रति किलो तक गया। ताइवान और साउथ कोरिया से ऑर्डर्स बढ़े, जबकि US इंपोर्ट टैरिफ की आशंका से सप्लाई चेन में हलचल मच गई।
- YTD परफॉर्मेंस: साल भर में शेयर 47% ऊपर, और 5 साल में 902% की जबरदस्त ग्रोथ! 52-वीक हाई ₹365.50, लो ₹183.82।
| मेट्रिक्स | वैल्यू | YoY चेंज |
|---|---|---|
| शेयर प्राइस (8 दिसंबर 2025) | ₹372 (0.05% ऊपर) | +30% |
| P/E रेशियो | 62.6 | – |
| ROE | 18.7% | +19.1% |
| मार्केट कैप | ₹35,959 करोड़ | +29.2% |
(सोर्स: Moneycontrol और Screener.in)
निवेशकों में हलचल: क्यों हो रही है चर्चा?
ये उछाल निवेशकों के बीच जोश भर रहा है। रिटेल और इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स दोनों की नजर इस पर टिकी है। FIIs ने होल्डिंग बढ़ाई है, खासकर मेटल सेक्टर में ऑप्टिमिज्म के चलते। सोशल मीडिया पर #HindustanCopper ट्रेंड कर रहा है, जहां ट्रेडर्स कॉपर को “नया गोल्ड” बता रहे हैं।
- पॉजिटिव फैक्टर्स: गोल्डमैन सैक्स ने 2026 के लिए कॉपर को टॉप मेटल बताया। US फेड रेट कट्स, डॉलर कमजोरी और चाइना ग्रोथ से बूस्ट मिला।
- कॉर्पोरेट न्यूज: 2 दिसंबर को NTPC माइनिंग के साथ MoU साइन किया, जो कॉपर और क्रिटिकल मिनरल्स ब्लॉक्स के लिए जॉइंट बिडिंग करेगा। राखा कॉपर माइन का लीज 20 साल के लिए रिन्यू हो गया।
- मार्केट सेंटिमेंट: X (ट्विटर) पर AI स्टॉक बुलेटिन में HCL को टॉप गेनर बताया गया, RBI रेट कट के साथ।
फ्यूचर आउटलुक: क्या होगा अगला कदम?
एक्सपर्ट्स बुलिश हैं। Anand Rathi ने टारगेट ₹450 रखा है। PEG रेशियो 1.5 है, जो ग्रोथ को सपोर्ट करता है। लेकिन चैलेंजेस भी हैं—हाई वैल्यूएशन (P/B 12.3) और ग्लोबल सप्लाई डिसरप्शन्स।
अगर कॉपर प्राइस $12,000/टन पार करते हैं, तो HCL आसानी से ₹400 हिट कर सकता है। लॉन्ग-टर्म में, EV और रिन्यूएबल एनर्जी से डिमांड बढ़ेगी।
निष्कर्ष: निवेश का सही समय?
हिंदुस्तान कॉपर का ये उछाल मेटल सेक्टर की ताकत दिखाता है। अगर आप रिस्क लेने को तैयार हैं, तो ये अच्छा एंट्री पॉइंट हो सकता है—लेकिन हमेशा रिसर्च करें और डाइवर्सिफाई रखें। क्या आप HCL में निवेश करेंगे? कमेंट्स में बताएं!











